https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-4801155150222140 आखिरी मुलाकात ❤️

आखिरी मुलाकात ❤️

 


आखिरी मुलाकात ❤️


शहर की एक छोटी-सी लाइब्रेरी में रोज़ एक लड़का आता था—आरव।


वह किताबें पढ़ने से ज्यादा एक लड़की को देखने आता था।


उस लड़की का नाम था मीरा।


मीरा हमेशा खिड़की के पास बैठकर किताब पढ़ती थी। दोनों की नजरें रोज़ मिलतीं, लेकिन बात कभी नहीं होती।


एक दिन आरव ने हिम्मत करके मीरा की किताब में एक छोटी-सी पर्ची रख दी—


“कुछ लोग जिंदगी में देर से मिलते हैं, लेकिन दिल में हमेशा के लिए बस जाते हैं।”


अगले दिन आरव लाइब्रेरी पहुंचा तो पर्ची उसकी ही किताब में वापस रखी थी।


उस पर लिखा था—


“और कुछ लोग बिना मिले ही दिल के करीब आ जाते हैं।”


उस दिन से दोनों की कहानी शुरू हो गई।


धीरे-धीरे बातें होने लगीं। चाय, बारिश, किताबें और घंटों फोन पर बातें...


आरव को लगने लगा था कि उसे अपना प्यार मिल गया है।


लेकिन एक दिन मीरा ने अचानक कहा—


“आरव, मुझे तुमसे एक जरूरी बात कहनी है।”


आरव मुस्कुराया, “बोलो।”


मीरा की आंखों में आंसू थे।


“मेरे घरवालों ने मेरी शादी कहीं और तय कर दी है।”


आरव के चेहरे की मुस्कान वहीं रुक गई।


उसने पूछा, “तुमने उन्हें हमारे बारे में बताया?”


मीरा ने सिर झुका लिया।


“मैंने बहुत कोशिश की... लेकिन पापा ने कहा कि अगर मैंने उनकी बात नहीं मानी, तो वह मुझसे हमेशा के लिए रिश्ता तोड़ देंगे।”


आरव कुछ नहीं बोला।


बस इतना कहा—


“अगर तुम्हारी खुशी मेरे साथ नहीं है, तो मैं तुम्हें रोकूंगा नहीं।”


कुछ दिनों बाद मीरा की शादी थी।


आरव शादी में नहीं गया।


लेकिन शादी के बाद उसे मीरा की एक आखिरी चिट्ठी मिली।


उसमें लिखा था—


“आरव, मैंने तुम्हें छोड़ा नहीं है... मैंने बस अपनी जिंदगी से तुम्हारा नाम मिटा दिया है, ताकि तुम्हारी जिंदगी बर्बाद न हो।”


नीचे एक आखिरी लाइन थी—


“अगर अगले जन्म जैसी कोई चीज होती है, तो मैं चाहूंगी कि इस बार हमारी कहानी अधूरी न रहे।”


सालों बीत गए।


आरव की जिंदगी बदल गई।


एक दिन वह उसी पुरानी लाइब्रेरी में गया।


खिड़की के पास वही सीट खाली थी।


वह बैठा और पुरानी किताब खोली।


अंदर वही पहली पर्ची रखी थी—


“कुछ लोग जिंदगी में देर से मिलते हैं, लेकिन दिल में हमेशा के लिए बस जाते हैं।”


आरव की आंखों में आंसू आ गए।


क्योंकि कुछ प्रेम कहानियां शादी तक नहीं पहुंचतीं...


लेकिन दिल से कभी खत्म भी नहीं होतीं। ❤️

Post a Comment

0 Comments
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.